मुनि इंटरनेशनल स्कूल की शिक्षण-प्रशिक्षण पद्दति से प्रभावित हुआ अफगानिस्तानी दल

अफगानिस्तानी स्कूलों के प्रतिनिधिमंडल ने किया भारत के बजट प्राईवेट स्कूलों का दौरा

नई दिल्ली – शिक्षा के क्षेत्र में बेहतर करने के लिए आज दुनिया के सभी देश एक दूसरे देश की शिक्षण पद्दति को समझने और अन्य गतिविधियों को साझा करने के लिए परस्पर सहयोग का हाथ बढ़ा रहे हैं। इसी का नतीजा है कि बहुत से देशों के प्रतिनिधि भी भारत में आते हैं।

इसी कड़ी में नेशनल इंडिपेंडट स्कूल एलाईंस (निसा) के सहयोग से सोमवार को अफगानिस्तान से आए सरकारी व गैर-सरकारी शिक्षण संस्थानों के अधिकारियों, प्राईवेट स्कूलों के संचालकों व अध्यापकों के एक दल ने दिल्ली के बजट प्राईवेट स्कूलों का दौरा किया।
अफगानिस्तान प्रतिनिधिमंडल ने दिल्ली के मोहन गार्डन स्थित मुनि इंटरनेशनल स्कूल का दौरा किया। क्योंकि यह स्कूल देश के बजट प्राईवेट स्कूलों की श्रेणी में लगातार तीसरे वर्ष ऑल इंडिया, दिल्ली व दिल्ली-एनसीआर में प्रथम में प्रथम स्थान पर बना हुआ है। जिसका श्रेय स्कूल प्रबंधक डॉ. अशोक कुमार ठाकुर की दूरगामी सोच को ही जाता है। स्कूल अपनी खास शिक्षण-प्रशिक्षण प्रणाली के कारण आज देश-विदेश में अपनी पहचान बनाने में सफल हुआ है।
मुनि इंटरनेशनल स्कूल पहुंचने पर अफगानिस्तान प्रतिनिधिमंडल का भारतीय परंपरा के अनुसार पारंपरिक तरीके से स्वागत किया गया और स्कूली छात्रों ने संस्कृत, हिंदी के अलावा विभिन्न विदेशी भाषाओं में कई मनोहारी गीतों की शानदार प्रस्तुती दी।
इसके बाद स्कूल प्रबंधक डॉ. अशोक कुमार ठाकुर ने अफगानिस्तान प्रतिनिधिमंडल को स्कूल की विभिन्न गतिविधियों व शिक्षण-प्रशिक्षण पद्दति से अवगत करवाया। इसके बाद प्रतिनिधिमंडल में शामिल लोगों ने स्कूल की विभिन्न कक्षाओं में जाकर छात्रों व अध्यापकों से मुलाकात कर अपनी शंकाओं का समाधान किया।
अफगानिस्तान प्रतिनिधिमंडल का नेतृत्व कर रहे US AID के अधिकारी नज़ीबउल्हा नज़ीब ने बताया कि, वो और उनके साथी मुनि इंटरनेशनल स्कूल के एजुकेशन पैटरन से काफी प्रभावित हुए है, उन्होंने हैरानी प्रकट करते हुए कहा कि यह स्कूल दुनिया के अन्य स्कूलों के लिए उदाहरण है, हमें यहां से सबक लेना चाहिए कि कम संसाधनों में विश्व स्तर की बेहतर शिक्षा कैसे दी जा सकती है। नज़ीबउल्हा ने माना कि मुनि स्कूल छात्रों की केवल शिक्षा पर ही जोर नहीं दे रहा बल्कि समाज के लिए एक नेक इंसान बनाने का कार्य भी शिद्त के साथ कर रहा है।
नेशनल इंडिपेंडट स्कूल एलाईंस (निसा) के राष्ट्रीय अध्यक्ष कुलभुषण शर्मा ने बताया कि अफगानिस्तान से आए प्रतिनिधिमंडल ने निसा से आग्रह किया है कि वो भी अपने एक दल अफगान के दौरे पर लाएं और वहां की शिक्षण-प्रशिक्षण व्यवस्था को भी समझें।
(राजेश शर्मा)

AFGHANISTAN-VISITER-IN-MUNI-International-School-4

AFGHANISTAN-VISITER-IN-MUNI-International-School-3

AFGHANISTAN-VISITER-IN-MUNI-International-School-2

AFGHANISTAN-VISITER-IN-MUNI-International-School-1

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *